बुधवार, 6 जून 2007

बी.एस.एन.एल. की ब्राडबैण्‍ड सेवायें बन्‍द

बी.एस.एन.एल. की ब्राडबैण्‍ड सेवायें बन्‍द

पिछले 12 घण्‍टे से ठप्‍प है जिले में ब्राडबैण्‍ड सेवायें

पासवर्ड काम नहीं कर रहे लोगों के, अधिकारीयों के पास कोई उत्‍तर नहीं

मुरैना 6 जून 07 । मुरैना जिला में बी.एस.एन.एल. की ब्राडबैण्‍ड इण्‍टरनेट सेवायें पिछले 12 घण्‍टे से भी अधिक समय से अचानक ठप्‍प हो गयीं हैं । सूत्र बताते हैं कि रात 12 बज कर 30 मिनिट से भारत संचार निगम लिमिटेड के उपभोक्‍ता ब्राडबैण्‍ड सेवायें उपयोग करने से महरूम हो गये । रात के वक्‍त से ही लोगों के पासवर्ड भारत संचार निगम लि. की नेटवर्क ने स्‍वीकारने बन्‍द कर दिये । और पूअर कनेक्टिविटी समस्‍या तथा पासवर्ड स्‍वीकार न किये जाने से अंचल में ब्राडबैण्‍ड इण्‍टरनेट नेटवर्क पूरी तरह ध्‍वस्‍त हो गया है ।

जब इस सम्‍बन्‍ध में लागों ने अधिकारीयों से शिकायत करना चाही तो पहले तो अधिकारी फोन ही नहीं उठा रहे थे और जब वरिष्‍ठ अधिकारीयों से इस सम्‍बन्‍ध में चर्चा की गयी तो उनका कहना था कि वीरेन्‍द्र राजपूत बता रहा है कि खराबी बंगलौर से है और बंगलौर से ही ठीक होगी । कुल मिला कर कोई संतोषजनक उत्‍तर अधिकारीयों के पास नहीं था । खबर लिखे जाने तक समूचे मुरैना जिले में ब्राडबैण्‍ड ठप्‍प पड़ा हुआ है । सबसे अधिक परेशानी उन उपभोक्‍ताओ को हो रही है जिन्‍होंने ब्राडबैण्‍ड का अनलिमिटेड प्‍लान ले रखा है, बहुतेरे तो ऐसे उपभोक्‍ता माथा पीट रहे हैं, जो एडवान्‍स में साल भर का बिल बी.एस.एन.एल. को दिये बैठे हैं । उल्‍लेखनीय है कि बी.एस.एन.एल. की ब्राडबैण्‍ड सेवायें हर दूसरे तीसरे दिन अंचल में गड़बड़ाती रहती हैं, जहॉं कम स्‍पीड से उपभोक्‍ता तंग हैं वहीं बार बार डिस्‍कनेक्‍शन और पूरी तरह नेटवर्क विफल होने एवं पासवर्ड डिनाई जैसी समस्‍याओं से उपभोक्‍ता रोजाना ही दो चार होते रहते हैं । ऊपर से तुर्रा यह है कि कोई अधिकारी सुनने वाला नहीं है, शिकायतें जहॉं ठण्‍डे बस्‍ते में पड़ीं रहतीं है वहीं भ्रष्‍टाचार के और रिश्‍वत के आरोपीयों को मुरैना जिला की ब्राडबैण्‍ड सेवा का इन्‍चार्ज बना रखा है । उल्‍लेखनीय है कि जे.टी.ओ. वीरेन्‍द्र राजपूत के खिलाफ प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग भारत सरकार द्वारा गंभीर मामलों में जॉंच कराई जा रही है, इसी पर मुरैना की ब्राडबैण्‍ड सेवाओं का वर्तमान में प्रभार है । कई उपभोकताओं द्वारा इसकी शिकायत करने से उन उपभोक्‍ताओं के यह जानबूझ कर तंग करता रहता है और उनके कनेक्‍शन्‍स में डिस्‍टरबेन्‍स पैदा कर उनसे शिकायत वापस लेने हेतु दवाब बनाता है ।    

 

कोई टिप्पणी नहीं :