मंगलवार, 24 नवंबर 2009

हेडमास्टर रावत निलंबित (दैनिक मध्‍यराज्‍य)

हेडमास्टर रावत निलंबित

सवलगढ..जिला शिक्षा अधिकारी ने शासकीय माध्यमिक बिद्यालय के प्रधान अध्यापक पातीराम रावत को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर  दिया है।  सुनहरा के प्रधान अध्यापक पर आरोप है कि उन्होने बरिष्ठ अधिकारियों के आदेशों की अनदेखी कर नियमों के बिपरीत कई कार्य किये गये विभागीय जांच में पातीराम रावत को दोषी मानते हुए जांच प्रतिवेदन के बाद जिला शिक्षा अधिकारी ने निलंबन आदेश   जारी किया गया है।

 

कपिल युवा मण्डल ने ली साफ सफाई की शपथ (दैनिक मध्‍यराज्‍य)

कपिल युवा मण्डल ने ली साफ सफाई की शपथ

मुरैना. नेहरू युवाकेन्द्र से  संम्बद्ध कपिल युवा मण्डल सिकरौदा द्वारा 22 नवम्बर को कौमी एकता केन्द्र सप्ताह के अन्तर्गत सास्कृतिक कार्यक्रम एवं ग्रामीण युवा सम्लेन का आयोजन किया। कार्यक्रम के ग्रामीण मण्डल अध्यक्ष एवं नेहरू युवा साथी प्रमोद प्रजापति ने भी कार्यक्रम को सबोधित किया। आशाराम शर्मा ग्रामीण मण्डल अध्यक्ष ने युवाओं से कहा कि युवा देश की बड़ी शक्ति होते है। युवा मण्डल होकर यदि कोई भी कार्य करे तो कार्य विल्कुल आसानी से हो जायेगा। चाहे वे कार्य गॉव का हो या जिले का यह अपने हर युवा एक होने से देश का हर काम आसान हो सकता है। युवा सम्मेलन में भाग लेने आये नौ जवानों ने सपथ ली और हाथ उठाकर कहा कि अपने गॉव जो भी समस्या होगी उसे हम सब लोग मिलकर पूरा करेंगे और इसी क्रम में युवाओं ने अपने ग्राम शिकरोदा में एक खेल के मैदान की साफ-सफाई भी की। जिसमें बॉली बॉल खेलने की जगह सुनिश्चित की कार्य क्रम का संचालन  निंरज शर्मा द्वारा किया गया। भाग लेने वाले युवा ग्राम दीखत का पुरा बरका पुरा नामक पुरा पिड़ावली सिकरौदा आदि शामिल है।  

 

 

ग्रामीण अंचल में पंचायत चुनावी की हलचल शुरू - आरक्षण प्रक्रिया सम्पन

ग्रामीण अंचल में पंचायत चुनावी की हलचल शुरू - आरक्षण प्रक्रिया सम्पन

श्रीकृष्ण शिवहरे

मुरैना.. जिले भर के ग्राम पंचायत चुनाव की आरक्षण प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब मुरैना जिले भर के ग्रामीण क्षेत्र अंचल में चुनाव की हल शुरू हो गयी है। संभावित है कि नगरी निकाय होने के पश्चात ग्राम पंचायत चुनाव की घोषणा हो जावेगी  ग्राम पंचायत चुनाव सम्पन्न होने में अभी तक करीबन दो माह का समय है किन्तु पंचायत चुनाव को लेकर ग्रामीण क्षेत्र में चुनावी हलचल तेज हो गयी है। आरक्षण प्रक्रिया के सम्पन्न होने के बाद ही आरक्षण प्रक्रिया से कोई उत्सुक नजर नही आ रहा है तो किसी के चेहरों पर चिन्ता की लकरी एवं सिलवटे देखी जा रही है।  ग्राम पंचायत चुनावों को जिले भर के ग्रामीण अंचल में एक ओर यहा घर घर में चुनावी काना फूशी शुरू होगयी है वही दुसरी ओर गॉव में साझा डलते ही लोग  जगह जगह चौपाल लगाकर चुनावी चर्चा करने में मशगुल है। ग्रामीण अंचल क्षेत्र में जो लोग चुनाव मैदान में उतरने को तैयार है वै अपनी चुनावी गोठीया बैठाने में अभी से जुट गये है। साथ ही जिन लोगो ने चुनाव लडने का मूड बना लिया है वे अप्रत्यक्ष रूप से नाराज लोगो को मनाने के प्रयास में लगे हुऐ है ताकि होने वाले आगामी पंचायत चुनाव में उन्हें बहुमत के साथ विजय मिल सके। वेसे पंचायत चुनाव के मध्ये नजर जिले के विभिन्न ग्रामीण क्षेत्र में कई मतदान केन्द्र तो संबेदन शील एवं कई मतदान केन्द्र अतिसंवेदन शील है जिन पर चुनाव के दोरान जिला प्रशासन एवं जिला निर्वाचन अधिकारी की पैनी नजर रहती है। और इन संवेदनशील एवं अति संवेदनशील मतदान केन्द्रों पर कड़ी सुरक्षा के पुख्त इतंजाम किये जाते है। ताकि मतदान निर्भय होकर अपने मत का प्रयोग कर सके। वहीं जिलेभर की ग्राम पंचायतों में पुन: अनआरक्षित सीट के लिये लालियत सरपंच पद के उम्मीदवार अभी तक मतदाताओं से सुबह सायं रूबरू होकर जनसंपर्क बनाये रखते है देखे जा रहे थे। लेकिन  अब वह उम्मीदवार लोगो से मुख मोड़ते नजर आ रहे है। 

 

दो लाख से अधिक शहरी मतदाता - दैनिक मध्यराज्य मुरैना

दो लाख से अधिक शहरी मतदाता   - दैनिक मध्यराज्य मुरैना

अपनी पसंद तय करेंगे 1114 को

मुरैना..राजनैतिक दल अपनी अपनी पार्टी प्रत्याशी की चयन प्रक्रिया में उलझे हुए है और मतदाता  खामोश है, मुरैना जिला अंतर्गत 4 नगरपालिका परिषद एवं चार नगर पंचायतों में मतदान दिनांक 11 एवं 14 दिसम्बर को होगा। मतदान में 223575 मतदाता अपने मताअधिकार का प्रयोग करेंगे। इस दिन वें किस दल को विजय बनाना है अपनी पंसद का इजहार करेंगे। इनमें 123190 पुरूष व 100385 महिलाऐं शामिल है। किन्तु प्रत्याशियों के चयन का निश्चय न होने से मतदाता का कोई रूझान सामने नही आ रहा है। फिर भी यह तय है कि कांग्रेस या भाजपा दोनों में से कोई एक दल या कही भाजपा या कही काँग्रेस ही मतदाताओं की पसंद मजबूरी होगी। मिनी विधान सभा चुनाव की तर्ज पर हो रहे नगरीय निकाय चुनावों में विधानसभा लोकसभा के बाद एक बार फिर राजनैतिक दलों को नया जनादेश प्राप्त करने का अवसर होगा।

नोट- दो कॉलम में  समाचार इसी में लगाना है।

कहा कितने मतदाता है     -

क्र. नपा-नपं        पुरूष        महिला      योग

1.नपा पोरसा-      11336      9566       20902

2. नपा अम्बाह-   12200      10472     22672

3.नपा मुरैना -    59147      46109     105256

4.नपा सबलगढ.-   11111       9287      20398

5.नपं बानमौर -   7576       6692     14268

6.नपं जौरा-       11646       9733     21379

7.नपं कैलारस-    7353       6143     13496

8.नपं झुण्डपुरा-   2821        2383     5204

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 कुल          123190     100385     223575

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राजनैतिक दलों के कार्यालयों पर रौनक लौटी - दैनिक मध्यराज्य मुरैना

राजनैतिक दलों  के कार्यालयों  पर रौनक लौटी - दैनिक मध्यराज्य मुरैना

मुरैना..लोक सभा चुनाव के बाद बिगत छं. माह से सभी राजनेतिक दलों के कार्यालय बंद पडे थे स्थानीय निकाय के चुनाव की घोषणा के साथ ही ये कार्यालय पुन: खुल गये है भाजपा एवं कांग्रेस दोनों ही राजनेतिक दलो के कार्यालयों पर रौनक लौट आयी है। किन्तु अन्य दलों के कार्यालय अभी बीरान से दिखाई देते है भाजपा एवं कांग्रेस दोनों के कार्यालयों पर अध्यक्ष एवं पार्षदों का टिकिट प्राप्त करने के लिये प्रत्याशियों के मध्यघमासान खाींचातानी चल रही है। हर प्रत्याशी अपने आप को श्रेष्ट जताने में लगा हुआ है है तथा ऐनकेन प्रकारेण टिकिट पाने का हर संभव प्रयास कर रहा है लाटरी किस की खुलेगी ये आने वाला कल बतायेगा वेसे आम जनता के मध्य हर टिकिट मांगने वाला यही संदेश दे रहा है कि उसका टिकिट फायनल है। कांग्रेस के दो प्रत्याशियों ने यह मान कर कि उनका टिकिट फायनल हो गया है निर्वाचन अधिकारी के समक्ष  अपने अपने नामांकन भी दाखिल कर दिये है।आने वाले दिनों में कांग्रेस एवं  भाजपा दोनों ही दलों के अन्य प्रत्याशी भी अपना टिकिट फायनल मान कर नामांकन दाखिल कर सकते है।

 

निकाय चुनाव में होगी भाजपा कांग्रेस के बीच कांटे की टक्कर- दैनिक मध्यराज्य मुरैना

निकाय चुनाव में  होगी भाजपा कांग्रेस के बीच कांटे की टक्कर- दैनिक मध्यराज्य मुरैना

भाजपा को बिजली का करंट तो कांग्रेस को मंहगाई का खतरा

राजेश  चिंतक  (लेखक चम्‍बलघाटी के वरिष्‍ठ पत्रकार हैं )

मुरैना...मध्यप्रदेश में नगरीय निकाय चुनाव की घोषणा होते ही राजनेतिक सरगर्मिया तेज होगई है प्रदेश  में  सत्तासीन भारतीय जनता पार्टी और केन्द्र में  सत्तारूढ कांग्रेस के बीच ही इस वार भी सीधा मुकावला होने की संभावना है। विधान सभा चुनाव में मात खाने के बाद कांग्रेस ने लोक सभा में अपने प्रदर्शन को सुधारा मगर अब नगरीय निकायचुनाव में क्या वह लोक सभा के प्रदर्शन को दोहरा पायेगी या भाजपा  एक बर्ष पूर्व हुए विधान सभा चुनाव में पार्टी को मिले अपार जनसमर्थन को बापिस अपने पक्ष में लाने में कामयाव होगी ? दोनों ही दलों के लिये नगरीय निकाय चुनाव में कठिन परीक्षा है। एक ओर प्रदेश की सत्ता पर काविज भाजपा के लिये प्रदेश में बिजली की आपूर्ति सुचारू रूप से न होना नगरीय निकाय के चुनावों में प्रतिकूल स्थिति बना सकती है तो दूसरी ओर केन्द्र की सत्ता पर काविज कांग्रेस के लिये दिनो दिन बढ रही मंहगाई का खतरा भी पैदा हो सकता है। भाजपा बिजली की आपूर्ति पर नियंत्रण नही कर पा रही है और कांग्रेस मंहगाई को नियंत्रित न कर पाने की असमर्थता जता रही है। आम मतदाता बिजली  एवं मंहगाई दोनों से ही बुरी तरह पीडित है ऐसी स्थिति में वह भाजपा या कांग्रेस दोनों में से किसे चुने  दोराहे पर खडाहुआ है। यद्धपि स्थानीय निकाय के चुनाव का संबन्ध बिजली एवं मंहगाई जैसे संबेदनशील मुद्दों को अधिक प्रभावित इसलिये नही करेगा क्यों  कि इन मुद्दों का हल स्थानीय निकाय के सीमा क्षेत्र में नही आता फिर भी किसी सीमा तक ये मुद्दे स्थानीय निकाय के चुनाव में दोनों ही राजनैतिक दलों के लिये सरदर्द बन सकते है।

बहरहाल प्रदेश में  अभी तो दोनो राजनैतिक दल प्रत्याशियों की चयन प्रक्रिया में ही उलझे हुए है जिससे दिनांक 25 तक सुलझने की संभावना है चयन प्रक्रिया पूरी हो जाने के बाद ही इन दलों का चुनाव प्रभावित करने वाले मुद्दो की ओर जावेगा तब ये तय करेगे कि चुनाव जीतने के लिये ऐसी कौन सी लोक लुभावन एवं मतदाता को रिझााने की रणनीति बनाई जाये जिससे स्थानीय निकाय के चुनावों में विजयश्री हासिल की जा सके।

कांग्रेस एवं भाजपा से प्रथक अन्य राजनेतिक दल बसपा,सपा,भाजशपा,राष्ट्रीय सवर्ण समाजपार्टी ,लोकदल अथवा बामदलों का अस्तित्व लोक सभा की तरह स्थानीय निकायचुनावों में भी लुप्त होता दिखाई पडता है। क्यो कि केन्द्र या राज स्तर पर इन दलों की सरकारें न होना तथा राष्ट्रीय स्तर पर आर्थिक स्थिति का अधिक सुदृड न होना इन दलों के अस्तित्व मिटाने में सहायिक सिद्ध हो सकता है। ऐसा इसलिये परलक्षित होता है क्यो कि इन दलों में प्रत्याशियों के चयन की कोई ल चल दिखाई नही देती है। इन दलों से टिकिट माांगने वालों की संख्या नगण्य है। टिकिट के लिये टिकिट चाहने वाले प्रत्याशियों का अभाव है और आपसी कोई प्रतिस्पर्धा भी दिखाई नही देती है। सभी दलों के दल प्रमुख टिकिट मांगने वालों का इंतजार कर रहे है। किन्तु आम तोर पर इन दलों से टिकिट चाहने वाले सामने नही आ रहे है।

 

आबकारी उपनिरीक्षक पर लगाया लूट का आरोप - दैनिक मध्यराज्य मुरैना

आबकारी उपनिरीक्षक पर लगाया लूट का आरोप - दैनिक मध्यराज्य मुरैना

मुरैना..प्रिन्स ट्रवल्स भोजनालय न्यू हाऊसिंगबोर्ड कालोनी मयूवन के सामने ए वी रोड पर लूटपाट और मालिक के साथ मारपीट करने का आरोप आवकारी उपनिरीक्षक जितेन्द्र गुर्जर व आरक्षक मोहर सिंह परमार पर लगाया है। भोजनालय के प्रोपराइटर एवं पुलिस सहयोग संघ के राष्ट्रीय सदस्य चंद्रपालसिंह सिकरवार ने आरोप लगाया है कि आवकारी टीम ने मारपीट कर दुकान पर लूटपाट की गई है। चंद्रपाल ने बरिष्ठ अधिकारियों से कार्यवाही की मांग की है।